रायपुर छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में 1 मई 2026 से शुरू हुआ श्बस्तर मुन्नेश् (अग्रणी बस्तर) अभियान ग्रामीण क्षेत्रों में विकास की एक नई इबारत लिख रहा है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य सुदूर और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के हर पात्र परिवार तक सरकारी योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ पहुंचाना है।
गंगालूर जनसमस्या निवारण शिविर में उमड़ा जनसैलाब
सुशासन तिहार के अंतर्गत बीजापुर जिले के गंगालूर में आयोजित विशाल जनसमस्या निवारण शिविर ग्रामीणों के लिए वरदान साबित हुआ। इस शिविर में गंगालूर सहित डोडीतुमनार, गमपुर, पीड़िया, और मेटापाल जैसे दूरस्थ गांवों के हजारों ग्रामीणों ने हिस्सा लिया। शिविर की सफलता शासन-प्रशासन के प्रति आम जनता के बढ़ते अटूट विश्वास का प्रमाण बनी।
मौके पर निराकरण और त्वरित निर्देश
कलेक्टर बीजापुर श्री विश्वदीप ने सभी विभागीय स्टॉलों का सघन निरीक्षण किया। उन्होंने न केवल प्राप्त आवेदनों की समीक्षा की, बल्कि अधिकारियों को समस्याओं के त्वरित निराकरण हेतु कड़े निर्देश भी दिए। शिविर की एक बड़ी उपलब्धि ऑन-द-स्पॉट लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस बनाने की सुविधा रही, जिसके लिए कलेक्टर ने विशेष पहल की।
अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे शासन की योजनाओं का लाभ
ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कलेक्टर ने कहा कि सुशासन तिहार का मूल ध्येय केंद्र और राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। उन्होंने ग्रामीणों से आग्रह किया कि वे जागरूक बनें और विभागीय स्टॉलों के माध्यम से योजनाओं की पूरी जानकारी प्राप्त करें।