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पूर्ववर्ती गहलोत सरकार ने ओपीएस के नाम पर फैलाया था राजस्थान में भ्रम – निर्मला सीतारमण

by Bhupendra Sahu

जयपुर । केंद्रीय मंत्री वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए एक जहां भाजपा के संकल्प पत्र को विकसित भारत 2047 का विजन पत्र बताया वहीं दूसरी ओर पूर्व सीएम अशोक गहलोत और कांग्रेस पार्टी पर चुनाव के समय वोट के लिए झूठ बोलकर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राजस्थान की भाजपा सरकार ने 100 दिन की कार्य योजना पर काम करते हुए ईआरसीपी और पीकेसी लिंक योजना समझौता किया। जबकि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने प्रदेश में जल की भारी किल्लत होने के बावजूद इस महत्वपूर्ण योजना को लटकाए रखा। मेरी नजर में अशोक गहलोत पहले ऐसे सीएम है जिन्होंने पानी जैसे महत्वपूर्ण विषय को गंभीरता से नहीं लिया और ईआरसीपी योजना को अटकाने का काम किया।

इसलिए विधानसभा चुनावों में राजस्थान की जनता ने नारा दिया था गहलोत मत लौट वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि भ्रष्टाचार, कुशासन, झूठे वादे और वोट बैंक के खातिर जनता को गुमराह करना कांग्रेस की पुरानी आदत है। कांग्रेस ने अपने घोषणा पत्र में ओपीएस का ज्रिक तक नहीं किया जबकि ओपीएस कांग्रेस का मुद्दा था। वहीं राजस्थान की पूर्ववर्ती गहलोत सरकार ने ओपीएस के नाम पर भ्रम फैलाने का काम किया। कांग्रेस घोषणा पत्र जारी करने के समय दिल्ली के नेताओं ने ओपीएस पर अशोक गहलोत की राय क्यों नहीं ली।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा का संकल्प पत्र पूरी तरह से गुड गवर्नेस, डिजिटल गवर्नेस के साथ इंफ्रास्ट्रक्चर डवलप करने के उद्देश्य से तैयार किया गया है। राजस्थान में सीमावर्ती जिलों के अंतिम गांव को मोदी सरकार ने पहला गांव मानकर उनका इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत करने का काम शुरू कर दिया है। सीमावर्ती गांवों में बेहतर सड़क मार्ग और टेक्नोलोजी की मदद से ड्रग्स तस्करी पर नियंत्रण करने में मदद मिलेगी। बीआरओ ने पिछले पांच सालों में राजस्थान के सीमावर्ती क्षेत्रों में करीबन 9 हजार किलोमीटर सड़क का निर्माण किया है। सीमा क्षेत्रों में तारबंदी कर अवैध गतिविधियों को रोकने का प्रयास किया जा रहा है।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि दक्षिण—पश्चिम राजस्थान में खनिज के भरपूर भंडार के चलते यहां की अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाने में काफी मदद मिलेगी। राजस्थान एमएसएमई के लिए जाना जाता है। ऐसे में भाजपा ने संकल्प पत्र में एमएसएमई को बढ़ावा देने के लिए मुद्रा लोन की सीमा को बढ़ाकर 20 लाख तक कर दी है। राजस्थान में पानी की कमी को देखते हुए पर्याप्त जल प्रबंधन के उद्देश्य से बूंद—बूंद सिंचाई योजना को बढावा दिया जा रहा है। वहीं भाजपा ने अपने संकल्प पत्र में 70 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्गों के लिए आयुष्मान योजना के तहत 5 लाख रूपए तक का ईलाज नि:शुल्क देने का वादा किया है। राजस्थान में पीएम सूर्य घर योजना की व्यापक संभावनाएं है। इससे जनता को मुफ्त बिजली के साथ ही रूफ टॉप पर सोलर पैनल लगाकर अतिरिक्त आय बढ़ाने का अवसर भी मिलेगा।
प्रेसवार्ता के दौरान मंच पर भाजपा की राष्ट्रीय सचिव डॉ अल्का गुर्जर, भाजपा के प्रदेश महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी और प्रदेश मीडिया संयोजक प्रमोद वशिष्ठ मौजूद रहे।
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