2406 उपभोक्ताओं के खातों में डीबीटी के माध्यम से पहुंची सब्सिडी
सौर ऊर्जा क्रांति तेज का नया मॉडल बनकर उभर रहा है राजनांदगांव क्षेत्र
रायपुर छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड के राजनांदगांव क्षेत्र में “प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना” के अंतर्गत सौर ऊर्जा क्रांति तेजी से आकार ले रही है। राजनांदगांव, मोहला-मानपुर-अम्बागढ़ चौकी तथा खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिलों में हजारों परिवार अब अपने घरों की छतों पर सोलर प्लांट लगाकर न केवल स्वच्छ ऊर्जा का उत्पादन कर रहे हैं, बल्कि बिजली बिलों में भी बड़ी राहत प्राप्त कर रहे हैं। कई उपभोक्ताओं के मासिक बिजली बिल अब पूरी तरह शून्य हो चुके हैं। यह योजना ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में ऊर्जा आत्मनिर्भरता का नया मॉडल बन रही है।
आवेदन और स्थापना में रिकॉर्ड प्रगति
राजनांदगांव क्षेत्र के कार्यपालक निदेशक श्री शिरीष सेलट ने बताया कि योजना के अंतर्गत तीनों जिलों में सौर संयंत्र स्थापना कार्य में रिकॉर्ड प्रगति दर्ज की गई है। अब तक तीनों जिलों से कुल 6 हजार 52 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 6 हजार 45 आवेदकों की औपचारिकताएं पूर्ण हो चुकी हैं तथा 5 हजार 670 उपभोक्ताओं ने अपने वेंडर का चयन भी कर लिया है।
संयंत्र स्थापना का जिलावार विवरण
राजनांदगांव जिला में 2 हजार 899 घरों में कुल अनुमानित सक्रिय प्लांट लगभग 3,500, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में 401 घरों में और मोहला-मानपुर-अम्बागढ़ चौकी जिले के 181 घरों में उपभोक्ताओं को त्वरित स्वीकृति, नेट मीटरिंग तथा सब्सिडी का लाभ उपलब्ध कराने के लिए बिजली कंपनी द्वारा विशेष अभियान संचालित किया जा रहा है।
डीबीटी के माध्यम से सीधे हितग्राही के खातों में आ रही सब्सिडी
योजना के सफल क्रियान्वयन का सबसे बड़ा प्रमाण यह है कि अब तक 2 हजार 406 उपभोक्ताओं को केंद्र एवं राज्य सरकार की ओर से मिलने वाली सब्सिडी राशि सीधे उनके बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से हस्तांतरित की जा चुकी है। बिजली कंपनी द्वारा नेट मीटरिंग पूर्ण होते ही सब्सिडी ट्रांसफर की प्रक्रिया को तेज किया गया है। हर महीने मुफ्त बिजली की बड़ी बचत (उत्पादन क्षमता) रूफटॉप सोलर संयंत्र उपभोक्ताओं के लिए दीर्घकालीन आर्थिक बचत का बड़ा माध्यम बन रहे हैं।