दुर्ग। छत्तीसगढ़ के सुप्रसिद्ध चर्म व गुप्त रोग विशेषज्ञ एवं विख्यात लेखक डॉक्टर अजय गुप्ता की 13 वीं ईबुक विगत् दिनों हिंदी में प्रकाशित हुई। इस बुक से ऐसे लोगों को अत्यधिक लाभ मिलेगा जिनके चेहरे में अत्यधिक मुँहासे एक्ने, पिंपल है। उनको इस बुक से बिना किसी शुल्क से ही इन बिमारियों के अलावा अन्य चर्म रोगों की भी जानकारी मिलेगी। इस रंगीन पुस्तक को गूगल में जाकर डॉ. गुप्ता की वेबसाईट www.drajaygupta.com में जा कर नि:शुल्क डाउनलोड कर सकते है । मुँहासे का अंग्रेजी संस्करण पहले ही प्रकाशित हो चुका है, इस पुस्तक मैं मुँहासे क्या है ,क्यों होते है ,इसके कितने प्रकार होते है ,कितने श्रेणी के होते है, इनके रंगीन चित्र दिये गये है। मुँहासो का इलाज कितने प्रकार का होता है।
डॉ. अजय गुप्ता ने कहा कि वे पुस्तके पाठकों के लिए लिखते है ताकि इसको पढऩे से लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जनजागरूकता आये और लोग हमेशा सेहतमंद रहे। डॉ. अजय गुप्ता ने आगे कहा कि इस ईबुक में यह भी बताया गया है कि मुँहासे के दाग कितने प्रकार के होते है व उनका इलाज कैसे किया जाता है माइक्रो डर्म एब्रेटर क्या है,आईपीएल व ऐन डी याग लेजऱ क्या है?
ज्ञातव्य हो कि डॉ अजय गुप्ता इससे पहले भी कई पुस्तक लिख चुके है और जो ई बुक के रूप में गूगल में अपलोड है। डॉ. गुप्ता द्वारा लिखित बुक के पाठक कई देश के लाखों लोग है। इसके अलावा डॉ. अजय गुप्ता की कई पुस्तके देश के सभी रेलवे स्टेशनों पर जहां मिल जायेगी वही उनकी कई ईबुक गूगल पर अपलोड है जिसे पाठक डाउन लोड करके उससे जहां अपने चर्म रोग से निजात पा सकते हैं वहीं उनकी जो खूबसूरत कैसे बने पढ़कर अपने सौन्दर्य को पुरूष और महिला दोनों निखार सकते है।
इसके अलावा उनके द्वारा लिखित अन्य किताबों सौंदर्य समस्याएं, एड्स क्यों और कैसे, सोच हटके जीयो डटके का पठन कर उसका भी लाभ लोग नि:शुल्क ले सकते है। डॉ गुप्ता ने लोगों से अनुरोध किया है की पुस्तक को डाउनलोड करके अपने साथियों तक पहुचाये। ताकि उनका जनजागरण का उद्देश्य सफल हो। इस पुस्तक के प्रकाशन पर कई डॉक्टरों व सामाजिक संस्थाओं ने बधाई दी है।