Home » दिव्यांगों के प्रति रहें संवेदनशील – राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके

दिव्यांगों के प्रति रहें संवेदनशील – राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके

by Bhupendra Sahu
  • दिव्यांगजनों की सहायता हेतु बस्तर में खोलें केंद्र

रायपुर । मानवीय संवेदना के साथ मानव सेवा का कार्य सम्मानीय है। दिव्यांग जनों को  अनेक  चुनौतियों  का  सामना करना  पड़ता है,उन्हें कृत्रिम अंग प्रदान कर, उन्हें एक नया जीवन देने का कार्य भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति छत्तीसगढ़  कर रही है जो सराहनीय है। जगदलपुर स्थित महावीर भवन में आयोजित निःशुल्क दिव्यांग सहायता शिविर के समापन समारोह में पहुंची राज्यपाल छत्तीसगढ़, सुश्री अनुसुईया उइके ने जैन समाज के सेवा भाव की भूरी- भूरी प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि संगठन द्वारा बस्तर संभाग के सुकमा एवं बस्तर जिले में  दिव्यांगों को चिन्हित कर उनके जीवन संवर्धन के लिए सुकमा में 5 दिवसीय एवं जगदलपुर में 4 दिवसीय निःशुल्क दिव्यांग सेवा शिविर का आयोजन कर लगभग 1800 दिव्यांग जनों को सहायक उपकरण, कृत्रिम अंग, श्रवण यंत्र प्रदान किया है। उन्होंने कार्यक्रम में दिव्यांग जनों को व्हीलचेयर, ट्राइसाइकिल और कृत्रिम अंग प्रदान किए।

दिव्यांगों  के प्रति  रहें  संवेदनशील

राज्यपाल सुश्री उइके ने बस्तर जिले के दिव्यांग जनों की सहायता और समस्याओं के निराकरण हेतु ब्लॉक में नियमित अंतराल में दिव्यांग सेवा शिविर का आयोजन करने के लिए कलेक्टर को निर्देशित किया। जिससे क्षेत्र के आस पास के दिव्यांग जन को शासकीय कार्यों हेतु मुख्यालय तक आने की मशक्कत ना करनी पड़े। उन्होंने कहा कि दिव्यांग जनों के प्रति हम सभी को संवेदनशील होकर उनके विकास और सामाजिक उत्थान के लिए प्रयासरत होना चाहिए। वे हमारे बीच के ही लोग है, उनके प्रति उदारता, संवेदना और सेवा भाव ही उनका सम्मान है।

उन्होंने  कहा कि अपनी दिव्यांगता को आप अपनी कमी न समझें बल्कि उसे जिंदगी में चुनौती के रूप में समझें और हार कतई न मानें। आप सभी का सहयोग करने के लिए राज्य एवं केंद्र सरकारें सदैव तैयार हैं। माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने सदैव ही दिव्यांग लोगों को प्रोत्साहित किया है। उनके नेतृत्व में केंद्र सरकार ने दिव्यांग लेागों के लिए कई योजना चलाई हैं। भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति जयपुर स्थित एक गैर-लाभकारी संगठन है। जो कि वैज्ञानिक और तकनीकी अनुसंधान भी करता है। यह शारीरिक रूप से अक्षम लोगों का शारीरिक और सामाजिक-आर्थिक पुनर्वास करने का कार्य कर रही है। ताकि वे सम्मान का जीवन जी सकें और समुदाय के उत्पादक सदस्य बन सके। यह संस्था विकलांगों के लिए कृत्रिम अंग प्रदान करता है। जयपुर सहित, कैलिपर्स, बैसाखी, व्हील चेयर, ट्राइसाइकिल, श्रवण यंत्र जैसे चलने वाले उपकरण, और अन्य सहायक उपकरण पूरी तरह से निशुल्क दिव्यांगो को उनकी जरूरत के अनुसार उपलब्ध कराए जाते हैं।

इस अवसर पर बस्तर कमिश्नर श्री श्याम धावड़े, कलेक्टर श्री चंदन कुमार, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री जितेंद्र मीणा, भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति के कार्यकारणी अध्यक्ष श्री सतीश मेहता सहित सहयोगी संस्थाओं के प्रमुख एवं अन्य पदाधिकारी गण उपस्थित रहे।

Share with your Friends

Related Articles

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More