भिलाई । भिलाई में चुनाव के बाद हुई मतगणना को लेकर लगातार आरोप प्रत्यारोप जारी है। भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने तो पहले ही पूरे चुनाव प्रक्रिया व मतगणना पर सवाल उठाए थे और आज बसपा प्रत्याशी दिनेश शिंदे ने भी मतगणना में प्रशासन को सत्ता पक्ष के इशारे पर चलते हुए धांधली का आरोप लगाया है। विदित हो कि भिलाई निकाय के लिए 23 को हुई मतगणना में धाँधली का आरोप सांसद विजय बघेल, पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रेमप्रकाश पाण्डेय, विधायक विद्यारतन भसान, पार्षद प्रत्याशी मुर्गेश सोनी, पीयूष मिश्रा, उपासना सिंह सहित अनेक पराजित प्रत्याशी भी लगा चुके हैं।
गौरतलब हो कि वार्ड 10 लक्ष्मीनगर सुपेला से चुनाव लड़ने वाले बसपा प्रत्याशी दिनेश कुमार शिंदे ने निर्वाचन आयोग के अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए उन्हें सरकारी कठपुतली बताया।
आज प्रेसवार्ता में दिनेश शिंदे ने कहा कि मतगणना दौरान आखिर तक उनकी जीत हो रही थी। देर रात तक उनकी जीत दिखाई जा रही थी, लेकिन बाद में कांग्रेस प्रत्याशी चंद्र शेखर गवई को जीता हुआ बताया गया। जब इसका कारण पूछा गया तो अधिकारियों ने रिकाउंटिंग में कांग्रेस प्रत्याशी की जीत बताई। दिनेश शिंदे का आरोप है कि निर्वाचन आयोग के अफसरों बिना उनसे पूछे रिकाउंटिंग करा दी जबकि इसके लिए दोनों प्रत्याशियों को बताना होता है।
दिनेश शिंदे ने प्रेसवार्ता में बताया कि चुनाव आयोग ने सत्तापक्ष के दबाव में ऐसा किया है। उनकी जानकारी के बिना ही कांग्रेस प्रत्याशी को विजेता घोषित कर दिया गया। वार्ड की जनता ने पूरे विश्वास के साथ उन्हें इस चुनाव जीत दिलाई थी, वहीं हार के बाद वार्ड में लोगों द्वारा भी उनपर अनर्गल आरोप लग रहे हैं। दिनेश शिंदे ने वार्ड 10 के निर्वाचन को रद्द करने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि यदि उनकी मांग नहीं मानी गई तो वे छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में याचिका दर्ज कराएंगे।