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गुजरात चुनाव : भाजपा, कांग्रेस में उम्मीदवारी को लेकर मचा घमासान

by Bhupendra Sahu

गांधीनगर । गुजरात विधानसभा चुनाव के लिए लड़ रहे सभी तीन प्रमुख राजनीतिक दल भाजपा, कांग्रेस, बीटीपी असंतोष का सामना कर रहे हैं। कुछ नाखुश नेताओं ने निर्दलीय उम्मीदवारों के रूप में चुनाव लडऩे की घोषणा की है। ऐसे में पार्टियों को सीटों का नुकसान हो सकता है। भाजपा ने गृह राज्य मंत्री हर्ष संघवी को वाघोडिया सीट से मधु श्रीवास्तव, कर्जन सीट से सतीश पटेल और पदरा सीट से दिनेश पटेल जैसे असंतुष्ट नेताओं को मनाने के लिए प्रतिनियुक्त किया है। तीनों भाजपा की ओर से बुलाई गई बैठक में नहीं पहुंचे। पार्टी सूत्रों ने कहा कि संघवी ने स्थानीय नेताओं को विद्रोहियों को सबक सिखाने, कड़ी मेहनत करने और पार्टी के आधिकारिक उम्मीदवारों को भारी अंतर से जीत सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है।

केशोद से भाजपा के पूर्व विधायक अरविंद लदानी ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है और निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लडऩे का फैसला किया है।
सत्तारूढ़ दल ने मौजूदा विधायक रमन पटेल को फिर से टिकट देने का फैसला किया है। इस फैसले का पार्टी कार्यकर्ताओं और पीआई पटेल के समर्थकों और इच्छुक उम्मीदवारों ने विरोध किया है। उन्होंने गांधीनगर में पार्टी के राज्य मुख्यालय पर विरोध प्रदर्शन किया।
पार्टी महासचिव प्रदीप सिंह वाघेला ने मीडियाकर्मियों से कहा कि उनका गुस्सा समझ में आता है, उनकी भावनाओं से पार्टी के राष्ट्रीय नेतृत्व को अवगत कराया जाएगा।
कांग्रेस में, रमेश मेर को मैदान में उतारने के पार्टी के फैसले का आकांक्षी उम्मीदवार मनहर पटेल और उनके समर्थकों ने विरोध किया। पटेल ने रविवार सुबह राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मुलाकात की और रमेश मेर को नामित करने के पार्टी के फैसले पर पुनर्विचार करने का अनुरोध किया। कांग्रेस ने मनहर पटेल को मनाने के लिए पंकज पटेला और डॉ. जितेंद्र पटेल को लगाया है।
भारतीय ट्राइबल पार्टी (बीटीपी) के पार्टी संस्थापक छोटू वसावा के झगडिय़ा सीट से चुनाव लडऩे के फैसले से अलग होने की संभावना है। इस सप्ताह की शुरूआत में, उनके बेटे महेश वसावा ने एक उम्मीदवार सूची घोषित की, जिसमें झगडिय़ा सीट से उनकी अपनी उम्मीदवारी थी।
आप की सिद्धपुर इकाई भी सिद्धपुर निर्वाचन क्षेत्र से महेंद्र राजपूत को मैदान में उतारने के पार्टी के फैसले से नाखुश है। पार्टी कार्यकर्ता इस फैसले की समीक्षा करने की मांग कर रहे हैं।
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