नयी दिल्ली । भारतीय अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले (आईआईटीएफ) का 40वां संस्करण आत्मनिर्भर भारत पर केंद्रित होगा जहां, अर्थव्यवस्था, निर्यात क्षमता, अवसंरचना आपूर्ति श्रृंखला, मांग तथा विविधतापूर्ण जनसांख्यिकी को प्रदर्शित किया जायेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की परिकल्पना से प्रेरित होकर यह आयोजन ‘आज़ादी का अमृत महोत्सवÓ के अभिन्न अंग के रूप में आयोजित किया जा रहा है, जो नवंबर 14 से 27, 2021 तक नई दिल्ली प्रगति मैदान के नवीन निर्मित हॉलों में अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनी एवं सम्मेलन केंद्र (आईईसीसी) तथा मौजूदा हॉलों में भारत की स्वतंत्रता के 75वें वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित किया जा रहा है। यह मेला व्यापारी समाज के अनंत साहस को भी दर्शाता है, जिन्होंने महामारी के दौरान भयावह चुनौतियों का सामना किया।
आईआईटीएफ बी2बी एवं बी2सी संघटकों सहित दक्षिण एशियाई क्षेत्र के विशाल व्यापार मेलों में से एक है। आईआईटीएफ के प्रारूप में व्यापार, सामाजिक, सांस्कृतिक एवं शैक्षिक डायमेंशन शामिल हैं, जहां आगंतुक, प्रदर्शनीकर्ता, मीडियाकर्मी, विपणन पेशेवर, सामाजिक कार्यकर्ता, एनजीओ आदि अपने उद्देश्यों के अन्वेषण के लिए अभिमुख होते हैं। इस मेले द्वारा देशी और विदेशी ग्राहक अपनी आवश्यकताओं को पूरा करते हैं। कई सरकारी संस्थाएं जनता के बीच अपने कार्यक्रमों एवं नीतियों के विषय में जागरूकता फैलाने के लिए इस मंच का उपयोग करते हैं। इसी प्रकार से, भारत की संघीय सरकार के लगभग सभी राज्य एवं केंद्रशासित प्रदेश इस मेगा आयोजन में भाग लेते हैं, जो ‘मिनी-भारतÓ की तस्वीर को दर्शाता है।
व्यापार एवं उद्योग संबंधी संगोष्ठी एवं सम्मेलनों के अतिरिक्त, यह मेला, मेला परिसर के स्ट्रेटेजिक स्थानों पर लगायी गई बड़ी एलईडी स्क्रीनों पर ब्रांडिंग का अवसर देता है। भुगतान आधार पर प्रगति मैदान में निर्दिष्ट स्थानों पर ब्रांडिंग साइट्स की उपलब्धता है। इसके अतिरिक्त, मुख्य आकर्षण एवं प्रचार संबंधी सुविधाओं में मोबाइल एप्लीकेशन, निवेश तथा संयुक्त उद्यम अवसर, तकनीकी विकल्प का हस्तांतरण, स्टार्टअप एवं एसएमई सांस्कृतिक और राज्य दिवस समारोह शामिल हैं।