Home » रायपुर संभाग में शिक्षा अधिकारी करेंगे स्कूलों और आश्रम शालाओं की मानिटरिंग

रायपुर संभाग में शिक्षा अधिकारी करेंगे स्कूलों और आश्रम शालाओं की मानिटरिंग

by Bhupendra Sahu

रायपुर। रायपुर संभाग के जिले के सभी शिक्षा अधिकारियों को प्रतिमाह अनिवार्य रूप से स्कूलों और आश्रम शालाओं की नियमित रूप से मानिटरिंग करने के निर्देश दिए गए हैं। रायपुर संभाग के संयुक्त संचालक स्कूल शिक्षा ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों, सहायक संचालक, विकासखंड शिक्षा अधिकारी, सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी, हाईस्कूल और हायर सेकेंडरी स्कूल के प्राचार्यों को माह में न्यूनतम 3 दिवस स्कूलों की मानिटरिंग की जिम्मेदारी सौंपी है।

संबंधित अधिकारियों से कहा गया है कि स्कूलों की मानिटरिंग के दौरान स्कूल शिक्षा विभाग, लोक शिक्षण संचालनालय, समग्र शिक्षा, एससीईआरटी और राज्य स्तरीय कार्यालय द्वारा संचालित महत्वपूर्ण योजनाओं, कार्यक्रमों के क्रियान्वयन सुनिश्चित कराने कहा गया है।यदि मॉनिटरिंग के दौरान कोई गंभीर समस्या पाई जाती है तो अनिवार्य रूप से संबंधित उच्च कार्यालय को यथाशीघ्र अपने प्रतिवेदन के साथ सूचित करते हुए उसके निराकरण के लिए स्वयं लगातार अनुवर्ती कार्रवाई करें। मॉनिटरिंग के दौरान कोरोना प्रोटोकॉल और उसके बचाव के संबंध में स्कूलों द्वारा पालन कराई जाने वाली कार्ययोजना, आवश्यक व्यवस्था का भी निरीक्षण-परीक्षण करें।

जिला शिक्षा अधिकारी, सहायक संचालक, स्कूल शिक्षा द्वारा माह में न्यूनतम 3 दिन दो-दो स्वामी आत्मानंद शासकीय अंग्रेजी माध्यम स्कूल, प्रायमरी, मिडिल, हाईस्कूल और हायर सेकेंडरी, केजीवीव्ही और एक-एक अनुदान और मान्यता प्राप्त अशासकीय शाला की मानिटरिंग अवश्य करें। विकासखंड शिक्षा अधिकारी माह में न्यूनतम 3 दिन पांच-पांच प्रायमरी एवं मिडिल स्कूल तथा एक-एक अनुदान और मान्यता प्राप्त अशासकीय शाला की मानिटरिंग अवश्य करें। हाईस्कूल और हायर सेकेंडरी स्कूल के प्राचार्य एवं संकुल प्रभारी माह में न्यूनतम तीन-तीन प्रायमर और मिडिल स्कूल और इसी प्रकार सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी दस-दस प्रायमरी स्कूल, मिडिल स्कूल, एक-एक अनुदान और मान्यता प्राप्त अशासकीय शाला की मानिटरिंग अवश्य करें।

Share with your Friends

Related Articles

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More