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बाल विवाह मुक्त कोरिया बनाने जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन

by Bhupendra Sahu

कोरिया जिले को बाल विवाह मुक्त बनाने के उद्देश्य से जिला पंचायत के मंथन कक्ष, बैकुंठपुर में कलेक्टर श्रीमती चंदन त्रिपाठी की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित इस कार्यशाला में विभिन्न विभागों के अधिकारी, पंचायत प्रतिनिधि, समाजसेवी, व्यापारी वर्ग एवं अन्य गणमान्य नागरिकों ने सहभागिता की। कार्यशाला में बाल विवाह की रोकथाम हेतु प्रभावी उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई।

बाल विवाह रोकने के लिए जनजागरूकता आवश्यक
कार्यशाला को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती त्रिपाठी ने कहा कि बाल विवाह जैसी सामाजिक कुप्रथा का स्थायी समाधान तभी संभव है, जब प्रशासन और समाज मिलकर इसके विरुद्ध ठोस कदम उठाएं। उन्होंने कहा कि गांव-गांव में बाल विवाह के दुष्प्रभावों की जानकारी देना अत्यंत आवश्यक है, ताकि समाज स्वयं इस कुप्रथा को रोकने के लिए आगे आए।

कलेक्टर ने विवाह आयोजनों में सहयोग करने वाले कैटरिंग, बैंड, पंडित, टेंट एवं अन्य सेवा प्रदाताओं से अपील की कि यदि उन्हें कहीं बाल विवाह की जानकारी मिले, तो तत्काल प्रशासन को सूचित करें। उन्होंने सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों से बच्चों एवं अभिभावकों को जागरूक एवं प्रेरित करने का आह्वान किया, ताकि बाल विवाह की घटनाओं को समय रहते रोका जा सके।

कलेक्टर ने बताया कि बाल विवाह से अनेक सामाजिक, शैक्षणिक एवं स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं उत्पन्न होती हैं, जिन्हें रोकना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।

कार्यशाला में राज्य समन्वयक (एसोसिएशन फॉर एक्शन) एवं बचपन बचाओ आंदोलन के प्रशिक्षक श्री विपिन ठाकुर ने बाल विवाह के दुष्परिणामों, बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006 तथा बाल विवाह रोकने हेतु आवश्यक तात्कालिक कार्रवाई की जानकारी प्रदान की।

कार्यशाला के अपन्तिम पड़ाव में उपस्थित सभी प्रतिभागियों ने बाल विवाह मुक्त कोरिया जिला बनाने की शपथ ली।

इस अवसर पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. आशुतोष चतुर्वेदी, जिला शिक्षा अधिकारी श्री विनोद कुमार राय, जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग श्री नवल सिंह रावटे, समाज कल्याण अधिकारी श्रीमती बी. तिर्की, सीडीपीओ श्री आशीष गुप्ता सहित विभिन्न सामाजिक संगठनों, गैर-शासकीय संगठनों के प्रमुख, जिला समाज सुधारक प्रमुख, महिला एवं बाल विकास विभाग, पुलिस विभाग एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी व ग्राम पंचायत सचिव उपस्थित रहे।

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