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नक्सल लीडरों के परिजनों से मुलाकात कर उपमुख्यमंत्री ने की पुनर्वास की अपील

by Bhupendra Sahu

रायपुर उपमुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री श्री विजय शर्मा आज अचानक सुकमा जिले के कोंटा विकासखण्ड के अतिसंवेदनशील ग्राम पूर्वर्ती पहुंचे। जहां उन्होंने गांव में जनचौपाल का आयोजन किया। इस चौपाल में समस्त ग्रामवासी और पूर्वर्ती से संबंध रखने वाले नक्सल लीडर माड़वी हिड़मा एवं बारसे देवा के परिजन भी शामिल हुए। जिसमें माड़वी हिड़मा की माता श्रीमती माड़वी पुंजी तथा बारसे देवा की माता श्रीमती बारसे सिंगे भी शामिल थीं। उनके साथ बारसे देवा के परिवार से चाचा बारसे ढुंगा, भाई बारसे भीमा, बारसे सन्ना, बारसे आमता, बारसे सीमडा, भतीजा बारसे मड़का, बारसे हिड़मा, बहु बारसे जोगी एवं माड़‌वी हिड़मा के परिजनों में चाचा माड़वी देवा, माड़वी सोमा, चाची माड़वी सुक्‌की, भाई माड़वी हड़मा, माड़वी मासे, बहु माड़‌वी मंगली भी उपस्थित रहे।

इस दौरान उपमुख्यमंत्री ने ग्रामीणों से मुलाकात की और गांव में आधारभूत सुविधाओं की उपलब्धता की जानकारी ली। जहां ग्रामीणों ने बताया कि पहले यहां ना तो सड़क थी ना ही कोई आधारभूत व्यवस्था और बारिश के दिनों में तो गांव एक टापू बन जाता था ना तो कोई आ सकता था ना जा सकता था। नियद नेल्ला नार योजना से अब गांव में रोड आ गयी है राशन, दवाइयां, खाद अब ग्राम में ही मिल जाता है। उपमुख्यमंत्री ने सभी के साथ मुलाकात कर उनके साथ उनके साथ खाना खाया और उन्हें उपहार भी दिए और उनके द्वारा की गई मांगों को पूरा करने हेतु अधिकारियों को निर्देश भी दिए।

नक्सल लीडरों के परिजनों से भी उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने आत्मीय मुलाकात कर उनके माता पिता से आशीर्वाद लिया। जहां उनकी माताओं श्रीमती माड़वी पुंजी तथा श्रीमती बारसे सिंगे ने बताया कि वे बड़े गैर जिम्मेदाराना तरीके से सब कुछ छोड़ कर जंगल में हथियार लेकर भटक रहे हैं। उन्होंने अपने बच्चों से अपील करते हुए कहा कि परिवार, गाँव, समाज को छोड़कर जंगल में हथियार लेकर भटकने से किसी का भला नहीं हो रहा है। अपने हथियार छोड़कर पुनर्वास का रास्ता चुनो और समाज, परिवार, परिजनों के बीच रहकर विकास एवं सबके हित के लिए कार्य करें। उनकी माताओं ने भी वीडियो जारी कर अपने बेटों को पुनर्वास करने की अपील की है।

उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने परिजनों से कहा कि उनका प्रयास है कि सभी भटके युवा हथियार छोड़ पुनर्वास कर लेते हैं तो शासन उनका ख्याल रखेगी और समाज के बीच रहकर अहिंसक तरीके से मुख्यधारा में शामिल होकर वे क्षेत्र के विकास के लिए कार्य कर सकते हैं। क्षेत्र के विकास और समृद्धि के लिए सभी के साथ की आवश्यकता है। ये युवा शक्ति क्षेत्र के विकास की नींव बन सकते हैं।

उल्लेखनीय है कि उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा एवं पूरे शासन-प्रशासन द्वारा क्षेत्र की शांति के लिए हिड़मा और बारसे देवा के साथ दक्षिण बस्तर के भटके युवाओं के पुनर्वास के लिए भी सतत प्रयास किया जा रहा है।

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